Donate

ऑल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज़ की ज़ूम मीटिंग में तीन महत्वपूर्ण प्रस्ताव पारित

28 मार्च 2025 को रात्रि 10 बजे ऑल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज़ की एक महत्वपूर्ण ज़ूम मीटिंग आयोजित की गई। बैठक की शुरुआत अलविदा जुमे […]

Read More →

ईद और अलविदा की नमाज़: मस्जिदों में अदायगी और सामाजिक ज़िम्मेदारी

ऑल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज़ देश के सभी मुसलमानों से अपील करता है कि वे ईद और अलविदा की नमाज़ पूरी श्रद्धा, अनुशासन और शांति […]

Read More →

‘सौगात-ए-मोदी’ योजना वक़्फ़ बोर्ड की ओर से आनी चाहिए थी: परवेज़ हनीफ

पसमांदा समाज को सांकेतिक सहायता नहीं, बल्कि राजनीतिक भागीदारी चाहिए: यूनुस लखनऊ। ऑल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज़ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी द्वारा पसमांदा मुस्लिम समाज […]

Read More →

कर्नाटक में ओबीसी मुस्लिम आरक्षण पूरी तरह संवैधानिक

नई दिल्ली। ऑल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज़ कर्नाटक सरकार द्वारा ओबीसी मुस्लिम (पसमांदा मुस्लिम) के लिए प्रस्तावित आरक्षण का समर्थन करता है और इसे पूरी […]

Read More →

मेरठ शहर क़ाज़ी विवाद: ऑल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज़ ने की निंदा

नई दिल्ली। ऑल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज़ मेरठ शहर में हुई निंदनीय घटना की कड़ी भर्त्सना करता है, जिसमें प्रसिद्ध आलिम-ए-दीन क़ारी शफीकुर्रहमान के साथ […]

Read More →

वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2024: ऑल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज़ का समर्थन और विरोध की वास्तविकता

वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2024 भारतीय संसद में पेश किया गया एक ऐसा विधेयक है, जिसने देश भर में व्यापक चर्चा और बहस को जन्म दिया […]

Read More →

इफ्तार बहिष्कार और वक़्फ़ संशोधन विधेयक पर ऑल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज़ का रुख

हाल ही में बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा आयोजित इफ्तार पार्टी का कुछ मुस्लिम संगठनों—जमात-ए-इस्लामी, जमात-ए-उलमा-ए-हिंद और जमात-ए-शरिया—द्वारा बहिष्कार किया गया। इन संगठनों ने […]

Read More →

आल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज ने जूम मीटिंग का किया आयोजन

ऑल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज एक राष्ट्रवादी, सामाजिक, और गैर-राजनीतिक संगठन है, जो पसमांदा मुस्लिम समाज को जागरूक करने और उन्हें मुख्यधारा में लाने के […]

Read More →

डॉक्टर_अंबेडकर_नास्तिक_क्यों_नहीं_बने

क्या आपने कभी सोचा कि बाबासाहेब अंबेडकर ने धर्म बदलना क्यों चुना? वह नास्तिक क्यों नहीं बने, जबकि उनके समय में बोल्शेविक क्रांति हो चुकी […]

Read More →