नई दिल्ली के कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में प्रस्तावित राष्ट्रीय सम्मेलन की तैयारियों पर हुआ व्यापक मंथन, देशव्यापी जनसंपर्क एवं सदस्यता अभियान चलाने का निर्णय
लखनऊ / नई दिल्ली। ऑल इंडिया पसमांदा उलेमा बोर्ड (AIPUB) की राष्ट्रीय ऑनलाइन बैठक राष्ट्रीय अध्यक्ष हज़रत मौलाना मुफ़्ती डॉ. ओबेदुल्लाह क़ासमी की अध्यक्षता तथा राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष हज़रत मौलाना मुफ़्ती सुहैल क़ासमी की सरपरस्ती में सफलतापूर्वक सम्पन्न हुई। बैठक में देश के विभिन्न राज्यों से जुड़े मुफ़्ती, आलिम, उलेमा, हाफ़िज़, क़ारी, इमाम, मदरसा शिक्षकों तथा ऑल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज़ एवं ऑल इंडिया पसमांदा उलेमा बोर्ड के राष्ट्रीय एवं प्रांतीय पदाधिकारियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।

बैठक का संचालन ऑल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज़ (AIPMM) के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) जनाब मोहम्मद यूनुस ने किया। उन्होंने सभी प्रतिभागियों का स्वागत करते हुए कहा कि ऑल इंडिया पसमांदा उलेमा बोर्ड का आगामी राष्ट्रीय सम्मेलन केवल एक संगठनात्मक कार्यक्रम नहीं, बल्कि देशभर के पसमांदा उलेमा, इमामों, मुफ़्तियान, धार्मिक विद्वानों एवं सामाजिक नेतृत्व को एक साझा मंच पर लाकर दीन, शिक्षा, सामाजिक सुधार, राष्ट्रीय एकता तथा सामाजिक समरसता को नई दिशा देने का ऐतिहासिक अवसर होगा। उन्होंने सम्मेलन की रूपरेखा, संगठन के विस्तार, सदस्यता अभियान तथा राज्यों में होने वाली तैयारियों पर विस्तार से प्रकाश डाला।
बैठक में आगामी नवंबर माह के प्रथम सप्ताह में नई दिल्ली स्थित कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में आयोजित होने वाले ऑल इंडिया पसमांदा उलेमा बोर्ड के राष्ट्रीय सम्मेलन की तैयारियों पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना मुफ़्ती डॉ. ओबेदुल्लाह क़ासमी ने अपने अध्यक्षीय संबोधन में कहा कि यह सम्मेलन देशभर के उलेमा-ए-किराम, मुफ़्तियान, इमाम, हाफ़िज़, क़ारी, मदरसा शिक्षकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं पसमांदा समाज के प्रतिनिधियों का ऐतिहासिक संगम होगा। सम्मेलन में दीन की सही समझ, आधुनिक एवं धार्मिक शिक्षा, सामाजिक सुधार, संविधान प्रदत्त अधिकार, राष्ट्रीय एकता, आपसी भाईचारा, वक़्फ़, शिक्षा, युवाओं के मार्गदर्शन तथा समाज के समग्र विकास जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर गंभीर मंथन किया जाएगा।
बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि राष्ट्रीय सम्मेलन की सफलता सुनिश्चित करने के लिए देश के प्रत्येक राज्य में ऑल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज़ के प्रदेश अध्यक्ष तथा ऑल इंडिया पसमांदा उलेमा बोर्ड के प्रदेश अध्यक्ष संयुक्त रूप से प्रदेश स्तरीय बैठकें आयोजित करेंगे। इन बैठकों में सम्मेलन की तैयारियों की समीक्षा, प्रतिनिधियों का चयन, यात्रा व्यवस्था, प्रचार-प्रसार तथा प्रत्येक राज्य से अधिकतम संख्या में उलेमा, मुफ़्ती, आलिम, हाफ़िज़, क़ारी, इमाम एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं की सहभागिता सुनिश्चित करने की रणनीति तैयार की जाएगी।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि राष्ट्रीय सम्मेलन के व्यापक प्रचार-प्रसार के लिए सोशल मीडिया एवं प्रिंट मीडिया का प्रभावी उपयोग किया जाएगा। सम्मेलन को जन-जन तक पहुँचाने के लिए देशव्यापी जनसंपर्क अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान को “दिल्ली चलो – राष्ट्रीय उलेमा सम्मेलन में चलो” जैसे प्रेरक नारों के साथ संचालित किया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक उलेमा, इमाम, मदरसा शिक्षक, सामाजिक कार्यकर्ता एवं समाज के जागरूक नागरिक सम्मेलन से जुड़ सकें।
इसके अतिरिक्त प्रदेश, मंडल, ज़िला, तहसील एवं ब्लॉक स्तर तक स्थानीय बैठकें, प्रेस वार्ताएँ, विचार गोष्ठियाँ, धार्मिक एवं सामाजिक सम्मेलन, जनजागरण अभियान तथा अन्य संपर्क कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिससे सम्मेलन की जानकारी देश के प्रत्येक क्षेत्र तक पहुँच सके और व्यापक जनभागीदारी सुनिश्चित हो।
उलेमा-ए-किराम से विशेष अपील की गई कि वे अपनी-अपनी मस्जिदों में जुमे की नमाज़ के ख़ुत्बों तथा अन्य धार्मिक अवसरों पर राष्ट्रीय सम्मेलन की जानकारी दें तथा समाज के लोगों को इसमें सक्रिय रूप से भाग लेने के लिए प्रेरित करें। साथ ही मदरसों, मस्जिदों, मकतिब एवं अन्य धार्मिक संस्थानों के माध्यम से सम्मेलन का संदेश गाँव-गाँव और शहर-शहर तक पहुँचाने पर विशेष बल दिया गया।
बैठक में संगठन के सदस्यता अभियान को और अधिक प्रभावी बनाने पर भी विस्तार से चर्चा हुई। सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि राष्ट्रीय सम्मेलन से पूर्व प्रत्येक राज्य में सदस्यता अभियान को तेज़ किया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक उलेमा, इमाम, धार्मिक विद्वान, समाजसेवी, युवा कार्यकर्ता तथा जागरूक नागरिक संगठन से जुड़कर संगठनात्मक ढाँचे को और अधिक सशक्त बना सकें।
वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान समय में शिक्षा, सामाजिक जागरूकता, धार्मिक मार्गदर्शन, राष्ट्रीय एकता और सामाजिक न्याय जैसे विषयों पर सकारात्मक नेतृत्व की आवश्यकता है। ऐसे समय में ऑल इंडिया पसमांदा उलेमा बोर्ड का राष्ट्रीय सम्मेलन देशभर के उलेमा एवं बुद्धिजीवियों को एक साझा मंच प्रदान करेगा, जहाँ समाज के हित में ठोस प्रस्ताव पारित किए जाएंगे तथा भविष्य की कार्ययोजना निर्धारित की जाएगी।
बैठक के समापन अवसर पर राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष हज़रत मौलाना मुफ़्ती सुहैल क़ासमी ने सभी प्रतिभागियों का आभार व्यक्त करते हुए आह्वान किया कि प्रत्येक पदाधिकारी अपने-अपने क्षेत्र में पूरी निष्ठा, समर्पण एवं सक्रियता के साथ सम्मेलन की तैयारियों में जुट जाए। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि नई दिल्ली में आयोजित होने वाला राष्ट्रीय सम्मेलन ऐतिहासिक, भव्य, अनुशासित एवं अत्यंत सफल होगा तथा ऑल इंडिया पसमांदा उलेमा बोर्ड और ऑल इंडिया पसमांदा मुस्लिम महाज़ के उद्देश्यों को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान और नई गति प्रदान करेगा।
बैठक में प्रमुख रूप से राष्ट्रीय महासचिव मुफ़्ती अबू हुज़ैफ़ा क़ासमी, राष्ट्रीय प्रवक्ता मौलाना अब्दुर्रक़ीब क़ासमी, राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी मौलाना सद्दाम हुसैन, मुफ़्ती अतीकुर्रहमान रज़ा, इंजीनियर उस्मान राष्ट्रीय सलाहकार, झारखंड प्रदेश अध्यक्ष अबू शहीद, बिहार प्रदेश अध्यक्ष तौक़ीर आलम, राष्ट्रीय महासचिव कमरुद्दीन अंसारी, मौलाना फ़िरोज़ क़ासमी, झारखंड के राष्ट्रीय सचिव एवं कोषाध्यक्ष जब्बार अंसारी सहित विभिन्न राज्यों के अनेक उलेमा, इमाम, सामाजिक कार्यकर्ता एवं संगठन के पदाधिकारी उपस्थित रहे। अंत में सभी उलेमा, इमामों, मदरसा शिक्षकों, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं पसमांदा समाज के जागरूक नागरिकों से राष्ट्रीय सम्मेलन में अधिक से अधिक संख्या में भाग लेकर इसे ऐतिहासिक सफलता दिलाने की अपील की गई।

